Top 10 Bashir Badra Shayari On Love | Bashir Badra Shayari

bashir badra shayari

उदास रात हैं कोई तो ख़्वाब दे जाओ,
मेरी गिलास में कोई तो शराब दे जाओ|


अच्छा तुम्हारे शहर का दस्तूर हो गया
जिस को गले लगा लिया वो दूर हो गया


अगर तलाश करूँ कोई मिल ही जाएगा
मगर तुम्हारी तरह कौन मुझ को चाहेगा।


उजाले अपनी यादों के हमारे साथ रहने दो
न जाने किस गली में ज़िंदगी की शाम हो जाए।


कुछ तो मजबूरियाँ रही होंगी
यूँ कोई बेवफ़ा नहीं होता।


तुम मोहब्बत को खेल कहते हो
हम ने बर्बाद ज़िंदगी कर ली ।


ख़ुदा की इतनी बड़ी काएनात में मैं ने
बस एक शख़्स को माँगा मुझे वही न मिला।


हम तो कुछ देर हँस भी लेते हैं
दिल हमेशा उदास रहता है ।


मैं जब सो जाऊँ इन आँखों पे अपने होंट रख देना
यक़ीं आ जाएगा पलकों तले भी दिल धड़कता है।


कभी कभी तो छलक पड़ती हैं यूँही आँखें
उदास होने का कोई सबब नहीं होता।

About The Author

Reply

Instagram
WhatsApp